मुगल साम्राज्य: जहांगीर

मुगल साम्राज्य: जहांगीर (1605-27 ई०):

  • जहांगीर के बचपन का नाम सलीम था।
  • राजा भारमल की पुत्री जोधाबाई इसकी माता थी।
  • सलीम ने 1599 ई० में अकबर के खिलाफ विद्रोह कर दिया तथा उसके दमन के लिए भेजे गए अबुल फजल की हत्या अपने मित्र ओरछा नरेश से 1602ई० में करवा दिया।
  • 10 अक्टूबर, 1605 में अकबर की मृत्यु  हुई।
  • 03 नवंबर, 1605 को आगरा के किले में सलीम का राज्याभिषेक हुआ।
  • सलीम ने नुरूद्दीन मुहम्मद जहांगीर बादशाह की उपाधि धारण की।
  • जहांगीर के पुत्र खुसरो ने 1608 में विद्रोह कर दिया जिसे पकड़वा कर जहांगीर ने अंधा करवा दिया।
  • जहांगीर ने सिखों के पांचवे गुरु, गुरु अर्जुन देव को शहजादा खुसरो को विद्रोह करने के लिए सहायता करने के कारण फांसी की सजा दी।
  • जहांगीर ने 1611 ई० में शेर ए अफगान की विधवा मेहरुन्निसा से निकाह किया जो बाद में नूरजहां के नाम से प्रसिद्ध हुई।
  • नूरजहां को 1613 ई० में बादशाह बेगम बनाया गया। इसके पिता ग्यास बेग को दीवान अथवा कर मंत्री नियुक्त किया गया तथा एतमा उद् दौला की उपाधि दी गई।
  • नूरजहां की मां अस्मत बेगम ने गुलाब से इत्र बनाने की विधि की खोज की थी।
  • जहांगीर ने शहजादे खुर्रम को मेवाड़ के राणा अमर सिंह (जो महाराणा प्रताप सिंह का पुत्र था) के विरुद्ध सैनिक अभियान पर भेजा जिसमें शहजादा खुर्रम को सफलता प्राप्त हुई और उसने अमर सिंह को मुगलों से संधि करने के लिए बाध्य कर दिया।
  • जहांगीर ने 1620 ई०, में कांगड़ा पर विजय प्राप्त की तथा 1626 ई० में महावत खां के विद्रोह को कुचल दिया।
  • जहांगीर ने निसार नामक सिक्के का प्रचलन किया।
  • जहांगीर के शासन काल में मुगल चित्रकला चरमोत्कर्ष पर थी।
  • जहांगीर ने राज्य की जनता को न्याय दिलाने के लिए न्याय की प्रतीक न्याय की जंजीर जो सोने से बनी थी को अपने महल के बाहर लटकाया।
  • जहांगीर ने अपनी आत्मकथा तुजुक ए जहांगिरी की रचना फारसी भाषा में की।
  • जहांगीर के शासन काल में अंग्रेजों का पहला मिशन कैप्टन हाकिन्स के नेतृत्व में मुगल दरबार में आया (1608-1611ई०), परंतु उसे व्यापार की अनुमति प्राप्त नहीं हो सकी।
  • सर टामस रो के नेतृत्व में दूसरा मिशन हिंदुस्तान आया (1615-1618 ई०) जो व्यापार की अनुमति प्राप्त करने में सफल रहा।
  • जहांगीर के शासन काल में 1613 ई० में अंग्रेजों ने सूरत में पहला व्यापारिक केन्द्र  की स्थापना की जिसे कारखाना या फैक्टरी कहा जाता था।
  • 1627 ईस्वी में जहांगीर की मृत्यु हो गई।
  • जहांगीर के मकबरे का निर्माण लाहौर के निकट शाहदरा में नूरजहां ने कराया था।

6 Comments

  1. prashant dhabushe नवम्बर 14, 2017
  2. Pavit नवम्बर 14, 2017
  3. Vivek Mishra नवम्बर 15, 2017
  4. Aditya Kumar नवम्बर 16, 2017
  5. Pooja Rathore नवम्बर 16, 2017
  6. Shashank sharma नवम्बर 16, 2017

Leave a Reply

error: सेलेक्ट नहीं कर सकते